अयोध्या दौरे पर अखिलेश यादव को डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक का जवाब, कहा- व्यक्तिगत एजेंडे से आ रहे
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने रविवार को अयोध्या दौरे के दौरान सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव पर तीखा हमला बोला। पाठक ने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव अपने व्यक्तिगत एजेंडे के तहत अयोध्या आ रहे हैं। उन्होंने सपा पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी के हाथ कारसेवकों के खून से रंगे हैं। पाठक ने यह भी कहा कि जनता अब सब समझ चुकी है और अखिलेश को अपनी राजनीति में असफलता का सामना करना पड़ेगा।
VIMARSHNAARAD TVउत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने रविवार को अयोध्या में समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के दौरे को लेकर कड़े तेवर दिखाए। उन्होंने अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि सपा प्रमुख अपने व्यक्तिगत एजेंडे के तहत अयोध्या आ रहे हैं। पाठक ने सपा पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी के हाथ कारसेवकों के खून से रंगे हुए हैं।
अमर उजाला नेटवर्क की रिपोर्ट के अनुसार, उपमुख्यमंत्री ने अखिलेश यादव को नाटक मंडली का पुराना सरगना करार दिया। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव की राजनीति अब जनता के सामने पूरी तरह स्पष्ट हो चुकी है। पाठक का मानना है कि राज्य की जनता सपा की नीतियों और उनके अतीत के कार्यों को भली-भांति समझती है।
डिप्टी सीएम ने दावा किया कि अखिलेश यादव को आगामी समय में अपनी राजनीति में मुंह की खानी पड़ेगी। उन्होंने कहा कि जनता अब सपा के बहकावे में आने वाली नहीं है। पाठक के इन बयानों ने राज्य की राजनीति में एक बार फिर गरमाहट पैदा कर दी है।
अयोध्या दौरे के दौरान ब्रजेश पाठक ने सरकार की उपलब्धियों का भी जिक्र किया और कहा कि विकास के कार्यों पर जनता का भरोसा है। उन्होंने सपा पर आरोप लगाया कि वे केवल राजनीति करने के लिए अयोध्या का नाम इस्तेमाल कर रहे हैं।
पाठक ने कहा कि सपा का इतिहास कारसेवकों के प्रति उनके व्यवहार के कारण हमेशा विवादों में रहा है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे ऐसे नेताओं के बहकावे में न आएं जो केवल अपने निजी स्वार्थ के लिए काम करते हैं।
अखिलेश यादव के अयोध्या दौरे को लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज है। भाजपा नेताओं का मानना है कि सपा का यह दौरा केवल दिखावा है और इसका कोई ठोस आधार नहीं है।
उपमुख्यमंत्री के इस बयान के बाद सपा की ओर से क्या प्रतिक्रिया आती है, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं। फिलहाल, अयोध्या में राजनीतिक बयानबाजी का दौर जारी है।