आईआईसीटी और नेटफ्लिक्स ने भारतीय कहानीकारों के लिए 100 स्कॉलरशिप की घोषणा की
भारतीय रचनात्मक प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईसीटी) और नेटफ्लिक्स ने मिलकर 100 छात्रों के लिए स्कॉलरशिप कार्यक्रम शुरू किया है। यह पहल छह प्रोफेशनल कोर्सेज के लिए 80 प्रतिशत तक आर्थिक सहायता प्रदान करेगी। इसका उद्देश्य भारत के एनिमेशन, विजुअल इफेक्ट्स और गेमिंग सेक्टर में अगली पीढ़ी के कुशल कहानीकारों को तैयार करना है। यह घोषणा प्रधानमंत्री और नेटफ्लिक्स के सह-सीईओ की हालिया बैठक के बाद की गई है।
VIMARSHNAARAD TVभारतीय रचनात्मक प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईसीटी) और नेटफ्लिक्स ने संयुक्त रूप से 100 छात्रों के लिए स्कॉलरशिप की घोषणा की है। यह आर्थिक सहायता छह अलग-अलग प्रोफेशनल कार्यक्रमों के लिए दी जाएगी, जिसमें दो एक-वर्षीय डिप्लोमा और चार छह-महीने के सर्टिफिकेट कोर्स शामिल हैं। छात्रों को इन कोर्सेज की फीस पर 80 प्रतिशत तक की मदद मिलेगी।
इस स्कॉलरशिप के दायरे में इंटरैक्टिव कॉमिक्स, विजुअल इफेक्ट्स मास्टरी, वर्चुअल आर्ट डिपार्टमेंट कंटेंट क्रिएशन, मीडिया टेक वर्कफ़्लो, आर्ट ऑफ कैरेक्टर एनिमेशन और ई-स्पोर्ट्स एंड गेमिंग मैनेजमेंट जैसे विषय शामिल हैं। यह पहल 5 अगस्त 2026 को प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और नेटफ्लिक्स के सह-सीईओ श्री टेड सारंडोस के बीच हुई चर्चा का परिणाम है।
प्रधानमंत्री ने भारत की समृद्ध कहानी कहने की परंपरा और रचनात्मक प्रतिभाओं के भंडार पर जोर दिया था। इसी के तहत 'नेटफ्लिक्स इंडिया स्टोरीटेलिंग इनिशिएटिव' की शुरुआत की गई है। इसका लक्ष्य भारत को कंटेंट क्रिएशन का ग्लोबल हब बनाना और 'ऑरेंज इकोनॉमी' को गति देना है।
आईआईसीटी के बोर्ड अध्यक्ष श्री चंचल कुमार ने कहा कि भारत की रचनात्मक अर्थव्यवस्था एक महत्वपूर्ण मोड़ पर है। उन्होंने बताया कि आईआईसीटी का उद्देश्य वैश्विक एवीजीसी-एक्सआर इंडस्ट्री की बदलती जरूरतों और भारत की प्रतिभाओं के बीच एक सेतु का काम करना है। नेटफ्लिक्स के साथ यह साझेदारी इंडस्ट्री के ज्ञान को सीधे कक्षाओं तक पहुंचाएगी।
आईआईसीटी के सीईओ डॉ. विश्वास देवस्कर ने स्पष्ट किया कि इस सहयोग का उद्देश्य केवल कौशल प्रदान करना नहीं, बल्कि छात्रों को इंडस्ट्री के मानकों के अनुरूप तैयार करना है। करिकुलम डिजाइन में नेटफ्लिक्स के सुझावों को शामिल किया गया है ताकि छात्र भविष्य की चुनौतियों के लिए सक्षम बन सकें।
फिक्की एवीजीसी-एक्सआर फोरम के अध्यक्ष श्री मुंजल श्रॉफ ने इस पहल का स्वागत करते हुए इसे प्रतिभा विकास की दिशा में एक बड़ा बदलाव बताया है। यह स्कॉलरशिप पूरे भारत के छात्रों और कामकाजी पेशेवरों के लिए उपलब्ध है।
आईआईसीटी भारत का नेशनल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस है, जिसे सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय द्वारा स्थापित किया गया है। वर्तमान में यह मुंबई के पैडर रोड स्थित एनएफडीसी कॉम्प्लेक्स से संचालित हो रहा है, जबकि गोरेगांव में इसका स्थायी परिसर तैयार किया जा रहा है। इच्छुक उम्मीदवार अधिक जानकारी के लिए संस्थान की वेबसाइट देख सकते हैं।