उत्तर प्रदेश: गणेश विसर्जन यात्रा के दौरान जनरेटर में बाल फंसने से महिला गंभीर रूप से घायल
गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र के नवीन गंगापुल पर गणेश विसर्जन शोभायात्रा के दौरान एक दर्दनाक हादसा हुआ। नाचते समय एक महिला के बाल जनरेटर के हत्थे में उलझ गए, जिससे उसके सिर की त्वचा और बाल बुरी तरह उखड़ गए। खून से लथपथ महिला को गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
VIMARSHNAARAD TVउत्तर प्रदेश के गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र में गणेश विसर्जन के दौरान एक दुखद घटना सामने आई है। नवीन गंगापुल पर आयोजित शोभायात्रा में शामिल होकर लोग उत्साह के साथ नृत्य कर रहे थे। इसी दौरान एक महिला के बाल पास चल रहे जनरेटर के हत्थे में अचानक फंस गए। यह हादसा इतना भीषण था कि महिला के सिर के बाल और मांस का हिस्सा पूरी तरह उखड़ गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, महिला नाचने में मग्न थी और उसे जनरेटर के करीब होने का आभास नहीं हुआ। जैसे ही उसके बाल मशीन के घूमने वाले हिस्से में उलझे, वह तुरंत नीचे गिर गई। आसपास मौजूद लोगों ने शोर मचाया, जिसके बाद जनरेटर को बंद किया गया। महिला को गंभीर अवस्था में पुल के बीचों-बीच लहूलुहान हालत में देखा गया।
घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। शोभायात्रा में शामिल अन्य लोगों ने तुरंत महिला को संभाला और उसे उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल पहुंचाया। चिकित्सकों के अनुसार, महिला की स्थिति काफी नाजुक बनी हुई है। उसके सिर पर आई चोटें काफी गहरी हैं, जिसके कारण उसे विशेष चिकित्सा की आवश्यकता है।
स्थानीय पुलिस को इस घटना की सूचना दे दी गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वे मामले की जांच कर रहे हैं ताकि यह स्पष्ट हो सके कि सुरक्षा के क्या इंतजाम थे। गणेश विसर्जन के दौरान भीड़भाड़ वाले इलाकों में जनरेटर और अन्य मशीनों के संचालन को लेकर सुरक्षा मानकों पर अब सवाल उठ रहे हैं।
यह घटना उस समय हुई जब भक्त पूरी श्रद्धा और उल्लास के साथ प्रतिमा विसर्जन के लिए गंगा तट की ओर बढ़ रहे थे। इस हादसे ने उत्सव के माहौल को गमगीन कर दिया है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि सार्वजनिक आयोजनों के दौरान मशीनों और बिजली के उपकरणों के पास सावधानी बरतें।
फिलहाल, महिला का इलाज जारी है और उसके परिजन अस्पताल में मौजूद हैं। पुलिस ने घटना स्थल का मुआयना किया है और वहां मौजूद लोगों से पूछताछ की जा रही है। इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई अस्पताल से मिलने वाली रिपोर्ट और परिजनों के बयानों के आधार पर की जाएगी।