उत्तर प्रदेश में दो दिनों में 80 लाख महिलाओं ने किया मुफ्त बस सफर, अतिरिक्त बसों का संचालन
उत्तर प्रदेश में रक्षाबंधन के अवसर पर दो दिनों के भीतर 80 लाख महिलाओं ने राज्य परिवहन निगम की बसों में निशुल्क यात्रा का लाभ उठाया। इस दौरान पुरुष सहयात्रियों ने भी यात्रा की और अतिरिक्त बसों का संचालन किया गया। 'लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति योजना' के तहत अब बुजुर्ग महिलाओं को भी निशुल्क बस सेवा का लाभ मिलना शुरू हो गया है।
VIMARSHNAARAD TVउत्तर प्रदेश में रक्षाबंधन के त्योहार के दौरान राज्य परिवहन निगम की बसों में महिलाओं की भारी भीड़ देखी गई। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, पिछले दो दिनों में लगभग 80 लाख महिलाओं ने निशुल्क बस यात्रा की सुविधा का लाभ उठाया। राज्य सरकार द्वारा दी गई इस विशेष सुविधा ने महिलाओं के लिए त्योहार के दौरान यात्रा को काफी सुगम बना दिया।
इस दौरान केवल महिलाएं ही नहीं, बल्कि उनके साथ यात्रा करने वाले पुरुष सहयात्रियों ने भी परिवहन सेवाओं का लाभ उठाया। यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए परिवहन विभाग ने अतिरिक्त बसों का संचालन किया, ताकि किसी भी यात्री को असुविधा न हो। बस अड्डों पर यात्रियों की भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए विशेष प्रबंध किए गए थे।
अमर उजाला की रिपोर्ट के मुताबिक, इस वर्ष रक्षाबंधन पर एक नई पहल भी देखने को मिली। शुक्रवार से 'लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति योजना' को प्रभावी ढंग से लागू किया गया है। इस योजना के अंतर्गत अब बुजुर्ग महिलाओं को भी राज्य की बसों में निशुल्क यात्रा की सुविधा प्रदान की जा रही है।
परिवहन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि अतिरिक्त बसों के संचालन से यात्रियों को समय पर अपने गंतव्य तक पहुंचने में मदद मिली। त्योहार के दौरान बसों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए सभी डिपो को पहले ही निर्देश जारी कर दिए गए थे।
यह निशुल्क यात्रा सुविधा न केवल महिलाओं के लिए एक उपहार थी, बल्कि इसने सार्वजनिक परिवहन के उपयोग को भी बढ़ावा दिया है। बड़ी संख्या में महिलाओं ने इस सुविधा का उपयोग करके अपने मायके और ससुराल की यात्रा की।
राज्य सरकार की इस पहल की सराहना की जा रही है, क्योंकि इससे न केवल महिलाओं को आर्थिक राहत मिली है, बल्कि त्योहार के दौरान यात्रा को सुरक्षित और सुविधाजनक भी बनाया गया है। परिवहन विभाग ने यात्रियों से सहयोग की अपील की थी, जिसका सकारात्मक परिणाम देखने को मिला।
आने वाले समय में भी इस तरह की योजनाओं के माध्यम से महिलाओं और बुजुर्गों को परिवहन सुविधा में प्राथमिकता देने की योजना है। रक्षाबंधन के दौरान परिवहन निगम की यह व्यवस्था पूरी तरह से सफल रही और यात्रियों ने संतोष व्यक्त किया।