उर्वरक विभाग में 'हिन्दी पखवाड़ा-2026' का आगाज, सरकारी कामकाज में राजभाषा को मिलेगा बढ़ावा
भारत सरकार के उर्वरक विभाग में 1 सितंबर से 15 सितंबर 2026 तक 'हिन्दी पखवाड़ा-2026' का आयोजन किया जा रहा है। संयुक्त सचिव अनुराग रोहतगी के मार्गदर्शन में होने वाले इस कार्यक्रम का उद्देश्य सरकारी कार्यों में हिन्दी के उपयोग को प्रोत्साहित करना है। इस दौरान निबंध, टाइपिंग और प्रश्नोत्तरी जैसी कई प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी, जिनमें कर्मचारियों को पुरस्कृत किया जाएगा।

रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय के अंतर्गत उर्वरक विभाग ने 'हिन्दी पखवाड़ा-2026' की घोषणा की है। यह आयोजन 1 सितंबर से 15 सितंबर 2026 तक चलेगा। इसका मुख्य उद्देश्य सरकारी कामकाज में राजभाषा हिन्दी के प्रयोग को बढ़ावा देना और अधिकारियों व कर्मचारियों के बीच इसके प्रति उत्साह पैदा करना है।
यह आयोजन पिछले वर्षों की तरह ही संयुक्त सचिव श्री अनुराग रोहतगी के मार्गदर्शन में संपन्न होगा। पखवाड़े के दौरान विभाग द्वारा कई प्रकार की प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी, जिनमें निबंध लेखन, हिन्दी टंकण, टिप्पण एवं प्रारूप लेखन, काव्य पाठ, आशुभाषण, सामान्य हिन्दी ज्ञान और राजभाषा प्रश्नोत्तरी शामिल हैं।
प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले विजेताओं को प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कार के साथ-साथ प्रोत्साहन पुरस्कार और प्रमाण पत्र भी दिए जाएंगे। विभाग ने अपने सभी कर्मचारियों से इन प्रतियोगिताओं में सक्रिय रूप से भाग लेने का आग्रह किया है।
इस पखवाड़े के समापन के आसपास, राजभाषा विभाग, गृह मंत्रालय द्वारा 14-15 सितंबर 2026 को नवी मुंबई के सिडको एग्जिबिशन सेंटर में 'हिन्दी दिवस' और 'छठे अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन' का आयोजन किया जाएगा। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता माननीय गृह एवं सहकारिता मंत्री करेंगे।
उर्वरक विभाग का मानना है कि इस तरह के आयोजनों से सरकारी कामकाज में राजभाषा का उपयोग और अधिक प्रभावी होगा। यह पहल न केवल भाषा के प्रचार-प्रसार में मदद करेगी, बल्कि कर्मचारियों को भी अपनी कार्यशैली में हिन्दी को प्राथमिकता देने के लिए प्रेरित करेगी।
विभाग ने सभी अधिकारियों से राजभाषा के प्रसार में अपना योगदान देने का आह्वान किया है। यह आयोजन सरकारी स्तर पर हिन्दी को एक नया आयाम देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
