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गुटखा विज्ञापन मामले में एफडीए कमिश्नर तुकाराम मुंढे ने बॉलीवुड सितारों पर साधा निशाना

महाराष्ट्र एफडीए कमिश्नर तुकाराम मुंढे ने पान और गुटखा उत्पादों का प्रचार करने वाले बॉलीवुड सितारों पर तीखे सवाल उठाए हैं। उन्होंने अभिनेताओं से पूछा कि क्या वे इन उत्पादों को खुद और अपने बच्चों को खिलाने की हिम्मत रखते हैं। मुंढे ने इन विज्ञापनों के माध्यम से समाज पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभाव को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर की है।

गुटखा विज्ञापन मामले में एफडीए कमिश्नर तुकाराम मुंढे ने बॉलीवुड सितारों पर साधा निशाना
लाइसेंस प्राप्त विषय चित्र: Alok Singh Oberoi · CC BY-SA 4.0 · Openverse

महाराष्ट्र एफडीए कमिश्नर तुकाराम मुंढे ने पान और गुटखा उत्पादों के विज्ञापन में शामिल होने वाले बॉलीवुड के बड़े कलाकारों की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने इन सितारों से सीधा सवाल किया है कि क्या वे इन हानिकारक उत्पादों का सेवन खुद करते हैं या अपने बच्चों को खिलाते हैं।

अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार, तुकाराम मुंढे ने इन विज्ञापनों के माध्यम से समाज में गलत संदेश जाने पर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि मशहूर हस्तियों को यह समझना चाहिए कि उनके द्वारा प्रचारित किए जाने वाले उत्पादों का आम जनता पर क्या असर पड़ता है।

मुंढे ने कहा कि केवल पैसे के लिए स्वास्थ्य के लिए हानिकारक उत्पादों का प्रचार करना नैतिक रूप से गलत है। उन्होंने सितारों से अपील की कि वे अपनी जिम्मेदारी को समझें और ऐसे विज्ञापनों से दूर रहें जो समाज के स्वास्थ्य के लिए खतरा पैदा करते हैं।

एफडीए कमिश्नर ने यह भी स्पष्ट किया कि गुटखा और पान मसाला जैसे उत्पादों का सेवन कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का कारण बनता है। ऐसे में इन उत्पादों का प्रचार करना पूरी तरह से अनुचित है।

तुकाराम मुंढे के इस बयान के बाद बॉलीवुड में एक बार फिर से इस मुद्दे पर बहस छिड़ गई है। कई लोग उनके इस रुख का समर्थन कर रहे हैं और सितारों से अपनी जिम्मेदारी निभाने की मांग कर रहे हैं।

यह पहली बार नहीं है जब सितारों को गुटखा विज्ञापनों के लिए आलोचना का सामना करना पड़ा है। पहले भी कई बार इस मुद्दे पर विवाद हो चुका है, लेकिन अब एफडीए कमिश्नर के सीधे हस्तक्षेप से मामला और गंभीर हो गया है।

सितारों को अब यह तय करना होगा कि वे अपनी लोकप्रियता का उपयोग किस तरह के उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए करना चाहते हैं। समाज के प्रति उनकी जवाबदेही को लेकर सवाल उठना लाजिमी है।

स्रोत

मूल संदर्भ

01एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजालामूल रिपोर्ट देखें ↗