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दिल्ली में ब्रिक्स सम्मेलन के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम: पुतिन और जिनपिंग के लिए चार स्तरीय घेरा

ब्रिक्स सम्मेलन के मद्देनजर दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद सख्त कर दिया गया है। रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की सुरक्षा के लिए चार स्तरीय प्रोटोकॉल लागू किया गया है, जिसमें दिल्ली पुलिस और कमांडो तैनात रहेंगे।

आगामी ब्रिक्स सम्मेलन के आयोजन को लेकर दिल्ली में सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए गए हैं। सम्मेलन में भाग लेने वाले वैश्विक नेताओं, विशेष रूप से रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा घेरे को और अधिक मजबूत कर दिया है। अधिकारियों के अनुसार, इन प्रमुख नेताओं के लिए चार स्तरीय सुरक्षा प्रोटोकॉल तैयार किया गया है।

सुरक्षा व्यवस्था के तहत, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के ठहरने वाले मौर्या होटल के चारों ओर एक मजबूत सुरक्षा घेरा बनाया गया है। इस सुरक्षा चक्र में उनकी व्यक्तिगत सुरक्षा टीम के साथ-साथ दिल्ली पुलिस के जवान, विशेष कमांडो और अर्धसैनिक बलों के जवान शामिल होंगे। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि होटल परिसर पूरी तरह से सुरक्षित रहे और किसी भी प्रकार की सुरक्षा चूक की कोई संभावना न रहे।

केवल होटल ही नहीं, बल्कि एयरपोर्ट से लेकर होटल और भारत मंडपम तक के पूरे मार्ग पर भी कड़ी निगरानी रखी जा रही है। इस पूरे रूट को हाई अलर्ट पर रखा गया है, ताकि नेताओं की आवाजाही के दौरान सुरक्षा के सभी मानकों का पालन किया जा सके। दिल्ली पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां लगातार समन्वय स्थापित कर रही हैं ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से बचा जा सके।

ब्रिक्स सम्मेलन के महत्व को देखते हुए दिल्ली में सुरक्षा एजेंसियों ने अपनी सतर्कता बढ़ा दी है। सुरक्षा के इन कड़े इंतजामों का उद्देश्य सम्मेलन के दौरान किसी भी बाहरी खतरे को रोकना और सभी विदेशी अतिथियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। दिल्ली पुलिस ने यातायात प्रबंधन और सुरक्षा के लिए विशेष योजनाएं भी तैयार की हैं, ताकि सम्मेलन के दौरान शहर में सामान्य जनजीवन प्रभावित न हो।

सुरक्षा के ये इंतजाम न केवल नेताओं की सुरक्षा के लिए हैं, बल्कि यह भारत की मेजबानी की संवेदनशीलता को भी दर्शाते हैं। सुरक्षा एजेंसियों ने स्पष्ट किया है कि सम्मेलन के दौरान सुरक्षा प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन किया जाएगा और किसी भी तरह की सुरक्षा संबंधी लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

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