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नई दिल्ली में 'डिजाइनर एटेलियर' प्रदर्शनी का आयोजन, भारतीय वस्त्र विरासत और शिल्प कौशल का अनूठा संगम

राजधानी के सेंट्रल कॉटेज इंडस्ट्रीज एम्पोरियम में 12 सितंबर से 1 अक्टूबर 2026 तक 'डिजाइनर एटेलियर' प्रदर्शनी-सह-बिक्री चल रही है। वस्त्र मंत्रालय द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में पारंपरिक हथकरघा और आधुनिक डिजाइनों का प्रदर्शन किया जा रहा है। इसका उद्देश्य भारतीय बुनकरों और कारीगरों को सीधे ग्राहकों से जोड़ना है। यह प्रदर्शनी सुबह 10 बजे से शाम 7 बजे तक आम लोगों के लिए खुली रहेगी।

नई दिल्ली में 'डिजाइनर एटेलियर' प्रदर्शनी का आयोजन, भारतीय वस्त्र विरासत और शिल्प कौशल का अनूठा संगम
आधिकारिक स्रोत का चित्र: Press Information Bureau, Government of India · PIB reusable material · Press Information Bureau

नई दिल्ली के जनपथ स्थित जवाहर व्यापार भवन में स्थित सेंट्रल कॉटेज इंडस्ट्रीज एम्पोरियम में एक विशेष प्रदर्शनी का शुभारंभ हुआ है। 'डिजाइनर एटेलियर' नाम की इस प्रदर्शनी-सह-बिक्री का आयोजन 12 सितंबर से 1 अक्टूबर 2026 तक किया जा रहा है। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य भारत की समृद्ध वस्त्र परंपराओं और आधुनिक फैशन डिजाइनों को एक मंच पर लाना है।

इस प्रदर्शनी का उद्घाटन वस्त्र मंत्रालय के उप महानिदेशक अखिलेश कुमार और सेंट्रल कॉटेज इंडस्ट्रीज कॉरपोरेशन के प्रबंध निदेशक बिमल गोपालाचारी ने संयुक्त रूप से किया। इस अवसर पर कई वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। उद्घाटन के साथ ही यह प्रदर्शनी आम जनता के लिए खोल दी गई है।

प्रदर्शनी में देश भर के कारीगरों और बुनकरों द्वारा तैयार किए गए प्रामाणिक हथकरघा उत्पादों को प्रदर्शित किया गया है। इसमें जटिल बुनाई, पारंपरिक प्रिंट और आधुनिक सिल्हूट का अनूठा मिश्रण देखने को मिल रहा है। यह आयोजन न केवल फैशन प्रेमियों के लिए है, बल्कि उन लोगों के लिए भी है जो भारतीय शिल्प कौशल की सराहना करते हैं।

आयोजकों का कहना है कि इस मंच का उद्देश्य देश की सांस्कृतिक विरासत को बढ़ावा देना है। साथ ही, यह बुनकरों को अपने उत्पादों को सीधे उपभोक्ताओं तक पहुंचाने का एक सशक्त माध्यम भी प्रदान करता है। इससे कारीगरों को अपने काम का उचित मूल्य मिलने की संभावना बढ़ती है।

आगामी त्योहारों और शादी के सीजन को ध्यान में रखते हुए, यह प्रदर्शनी खरीदारों के लिए एक बेहतरीन अवसर है। यहाँ आगंतुक विशिष्ट भारतीय वस्त्रों और हस्तशिल्प फैशन की विस्तृत श्रृंखला देख और खरीद सकते हैं। यह आयोजन स्थानीय शिल्प समुदायों को आर्थिक रूप से समर्थन देने का भी एक प्रयास है।

यह प्रदर्शनी प्रतिदिन सुबह 10:00 बजे से शाम 7:00 बजे तक खुली रहती है। जो भी व्यक्ति भारतीय वस्त्र विरासत और समकालीन डिजाइन के संगम को देखना चाहते हैं, वे इस अवधि के दौरान एम्पोरियम का दौरा कर सकते हैं।

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01Press Information Bureauमूल रिपोर्ट देखें ↗