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नेपाल में बाढ़ के नाम पर वायरल हुआ पुराना वीडियो, नोटों से भरा बैग मिलने का दावा निकला गलत

सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से फैल रहा है जिसमें कुछ लड़के पानी में नोटों से भरा बैग ढूंढते दिख रहे हैं। द क्विंट की एक फैक्ट-चेक रिपोर्ट के अनुसार, यह वीडियो नेपाल की हालिया बाढ़ से संबंधित नहीं है। यह फुटेज पुराना है और इसे गलत संदर्भ में पेश किया जा रहा है। लोगों को सलाह दी गई है कि वे इस तरह के भ्रामक दावों पर भरोसा न करें।

हाल ही में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर एक वीडियो ने काफी सुर्खियां बटोरी हैं। इस वीडियो में देखा जा सकता है कि कुछ लड़के पानी के एक स्रोत में एक बैग खोज रहे हैं, जिसमें भारतीय मुद्रा के नोट भरे हुए हैं। इस क्लिप को नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ के बाद की घटना बताकर सोशल मीडिया पर साझा किया जा रहा है।

दावा किया जा रहा है कि बाढ़ के मलबे के बीच लड़कों को यह नकदी मिली है। हालांकि, द क्विंट की एक विस्तृत जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि यह वीडियो पूरी तरह से पुराना है और इसका नेपाल की वर्तमान स्थिति से कोई लेना-देना नहीं है।

फैक्ट-चेक रिपोर्ट के मुताबिक, यह फुटेज काफी समय पहले का है और इसे अब गलत दावों के साथ फिर से प्रसारित किया जा रहा है। वीडियो में दिख रहे दृश्य का नेपाल में आई बाढ़ की त्रासदी से कोई संबंध नहीं है।

इंटरनेट पर इस तरह की भ्रामक सामग्री का प्रसार अक्सर लोगों को गुमराह करने के उद्देश्य से किया जाता है। पुरानी घटनाओं के वीडियो को वर्तमान समय की बड़ी खबरों के साथ जोड़कर पेश करना सोशल मीडिया पर एक आम समस्या बन गई है।

विशेषज्ञों का मानना है कि किसी भी वीडियो को साझा करने से पहले उसकी सत्यता की जांच करना बेहद जरूरी है। इस मामले में भी, वीडियो के साथ किया गया दावा पूरी तरह से निराधार पाया गया है।

द क्विंट ने अपनी पड़ताल में यह स्पष्ट किया है कि वायरल हो रहा यह वीडियो नेपाल की बाढ़ से नहीं जुड़ा है। यह एक पुराना वीडियो है जिसे गलत जानकारी के साथ फैलाया जा रहा है।

उपयोगकर्ताओं को सतर्क रहने की सलाह दी गई है ताकि वे ऐसी भ्रामक सूचनाओं को आगे न बढ़ाएं। आधिकारिक स्रोतों से पुष्टि किए बिना किसी भी दावे पर विश्वास करना गलत जानकारी को बढ़ावा दे सकता है।

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