प्रयागराज में कोयले की खेप के नाम पर हो रही थी गांजे की तस्करी, एसटीएफ ने एक को दबोचा
उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर में स्पेशल टास्क फोर्स ने एक ट्रक से भारी मात्रा में गांजा बरामद किया है। तस्कर कोयले की आड़ में नशीले पदार्थ की खेप प्रयागराज ले जा रहे थे। पुलिस ने मौके से एक व्यक्ति को हिरासत में लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
VIMARSHNAARAD TVउत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले में नशीले पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) को बड़ी सफलता हाथ लगी है। अमर उजाला नेटवर्क की रिपोर्ट के अनुसार, टीम ने बेला मंदिर के पास एक ट्रक को रोका और उसकी तलाशी ली। इस दौरान ट्रक में लदे कोयले के नीचे छिपाकर रखा गया करीब 198 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया।
एसटीएफ के अधिकारियों ने बताया कि आरोपी इस खेप को प्रयागराज ले जाने की फिराक में थे। तस्करी के इस अनोखे तरीके का इस्तेमाल सुरक्षा एजेंसियों को चकमा देने के लिए किया जा रहा था। कोयले की बोरियों के बीच नशीले पदार्थ को इस तरह रखा गया था कि बाहर से किसी को संदेह न हो।
इस कार्रवाई के दौरान एसटीएफ ने एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। आरोपी से पूछताछ की जा रही है ताकि इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और मुख्य सरगना का पता लगाया जा सके। पुलिस का मानना है कि यह खेप किसी बड़े गिरोह द्वारा संचालित की जा रही थी।
मिर्जापुर के मड़िहान क्षेत्र में हुई इस छापेमारी के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है। एसटीएफ की टीम अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजा कहां से लाया गया था और इसे प्रयागराज में किसे सौंपा जाना था।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि नशा तस्करी के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। पकड़े गए आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उसे कानूनी कार्रवाई के लिए पुलिस को सौंप दिया गया है।
इस घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि तस्कर माल ढुलाई के वाहनों का उपयोग अवैध गतिविधियों के लिए कर रहे हैं। एसटीएफ की सतर्कता के कारण एक बड़ी खेप बाजार में पहुंचने से पहले ही जब्त कर ली गई।
फिलहाल, पुलिस और एसटीएफ की टीमें मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही हैं। इस तस्करी के पीछे के पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश करने के लिए अन्य राज्यों की पुलिस से भी संपर्क किया जा सकता है।