बरेली में चीनी मांझे का कहर: गर्दन कटने से युवक गंभीर रूप से घायल, अस्पताल में उपचार जारी
बरेली के सिटी स्टेशन रोड इलाके में एक युवक चीनी मांझे की चपेट में आ गया, जिससे उसकी गर्दन पर गंभीर चोट आई है। अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार, श्मशान भूमि फाटक के पास हुई इस दुर्घटना के बाद पीड़ित को इलाज के लिए एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी स्थिति नाजुक बनी हुई है।
VIMARSHNAARAD TVबरेली में पतंगबाजी के लिए इस्तेमाल होने वाले घातक चीनी मांझे ने एक बार फिर एक व्यक्ति को अपना शिकार बनाया है। अमर उजाला की रिपोर्ट के मुताबिक, यह घटना शहर के सिटी स्टेशन रोड पर स्थित श्मशान भूमि फाटक के पास घटित हुई। वहां से गुजरते समय युवक अचानक मांझे की चपेट में आ गया।
इस हादसे में युवक की गर्दन पर काफी गहरा घाव हो गया है। मांझे की धार इतनी तेज थी कि पीड़ित को गंभीर चोटें आईं और मौके पर ही भारी रक्तस्राव होने लगा। स्थानीय लोगों ने तुरंत घटना की सूचना दी और घायल को उपचार के लिए नजदीकी निजी अस्पताल ले जाया गया।
अस्पताल के सूत्रों के अनुसार, पीड़ित की हालत अभी भी नाजुक बनी हुई है। डॉक्टरों की टीम उसकी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और उपचार प्रक्रिया जारी है। इस घटना के बाद स्थानीय निवासियों में चीनी मांझे के उपयोग को लेकर काफी नाराजगी देखी जा रही है।
प्रशासन द्वारा प्रतिबंधित होने के बावजूद, बाजार में चीनी मांझे की उपलब्धता और इसका उपयोग लगातार हादसों का कारण बन रहा है। इस तरह की घटनाएं अक्सर राहगीरों और दोपहिया वाहन चालकों के लिए जानलेवा साबित होती हैं।
फिलहाल, पुलिस मामले की जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि प्रतिबंधित मांझा कहां से आया और इसका उपयोग कौन कर रहा था। स्थानीय प्रशासन से भी इस दिशा में सख्त कार्रवाई की मांग की जा रही है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
यह मामला एक बार फिर सार्वजनिक सुरक्षा के लिए चीनी मांझे से होने वाले खतरों को रेखांकित करता है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे इस तरह के खतरनाक धागों का उपयोग न करें और न ही इन्हें खरीदने के लिए प्रोत्साहित करें।
घायल युवक के परिजन अस्पताल में मौजूद हैं और उसकी बेहतर स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना कर रहे हैं। चिकित्सा विशेषज्ञों का कहना है कि गर्दन पर चोट होने के कारण अगले कुछ घंटे काफी महत्वपूर्ण हैं।