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बरेली में मत्स्य पालकों को धमकाकर वसूली करने वाले दो जालसाज पुलिस की गिरफ्त में आए

बरेली में मत्स्य विभाग के अधिकारी और मीडियाकर्मी बनकर मछली पालकों से अवैध वसूली करने वाले दो लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी प्रतिबंधित थाई मांगुर मछली पालने वाले किसानों को डरा-धमकाकर उनसे दो लाख रुपये की मांग कर रहे थे। पुलिस ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि आरोपियों के खिलाफ साक्ष्य मिलने के बाद यह कार्रवाई की गई है।

बरेली में मत्स्य पालन के व्यवसाय से जुड़े लोगों को अपना शिकार बनाने वाले दो जालसाजों को पुलिस ने धर दबोचा है। अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार, ये आरोपी खुद को कभी मत्स्य विभाग का अधिकारी तो कभी मीडिया का प्रतिनिधि बताकर लोगों को डराते थे। इनका मुख्य निशाना वे किसान थे जो प्रतिबंधित थाई मांगुर मछली का पालन कर रहे थे।

पुलिस जांच में सामने आया है कि ये दोनों व्यक्ति मछली पालकों पर दबाव बनाकर उनसे अवैध रूप से धन ऐंठने का काम कर रहे थे। आरोपियों ने कथित तौर पर दो लाख रुपये की वसूली की थी, जिसके पुख्ता प्रमाण पुलिस को प्राप्त हुए हैं। इन लोगों ने अपनी पहचान छुपाकर किसानों को कानूनी कार्रवाई का डर दिखाया था।

अमर उजाला के अनुसार, इन जालसाजों की गतिविधियों के कारण स्थानीय मछली पालकों में काफी समय से भय का माहौल था। जब पीड़ित किसानों ने इसकी शिकायत की, तो पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की। साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि क्या इस गिरोह में और भी लोग शामिल हैं। अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों से पूछताछ के बाद कई अन्य जानकारियां सामने आ सकती हैं। फिलहाल, पुलिस ने दोनों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है।

यह घटना क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध व्यक्ति के झांसे में न आएं और खुद को अधिकारी बताने वालों से उनका पहचान पत्र जरूर मांगें। किसी भी प्रकार की अवैध वसूली की सूचना तुरंत स्थानीय पुलिस को दी जानी चाहिए।

मत्स्य विभाग ने भी इस मामले पर संज्ञान लिया है। विभाग का कहना है कि उनके किसी भी कर्मचारी को इस तरह की वसूली करने का कोई अधिकार नहीं है। यदि कोई व्यक्ति विभाग के नाम पर डराता है, तो उसकी शिकायत तुरंत दर्ज कराई जानी चाहिए।

फिलहाल, पुलिस की इस कार्रवाई से मछली पालकों ने राहत की सांस ली है। मामले की अगली सुनवाई और जांच के दौरान और भी खुलासे होने की संभावना है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कानून को हाथ में लेने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।

स्रोत

मूल संदर्भ

01अमर उजाला ब्यूरो, बरेलीमूल रिपोर्ट देखें ↗