मथुरा में राधाष्टमी के अवसर पर दो दिनों के लिए सभी स्कूल रहेंगे बंद, प्रशासन ने जारी किया आदेश
उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में राधाष्टमी के पावन पर्व के मद्देनजर जिला प्रशासन ने शैक्षणिक संस्थानों के लिए अवकाश की घोषणा की है। बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा जारी आधिकारिक निर्देश के अनुसार, 18 और 19 सितंबर को कक्षा 12 तक के सभी शिक्षण संस्थान बंद रहेंगे। यह आदेश जिले के सभी सरकारी और निजी विद्यालयों पर समान रूप से लागू होगा।
VIMARSHNAARAD TVमथुरा और वृंदावन में राधाष्टमी का उत्सव बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है। इस महत्वपूर्ण धार्मिक अवसर को देखते हुए जिला प्रशासन ने छात्रों और शिक्षकों के लिए दो दिनों की छुट्टी घोषित करने का निर्णय लिया है। बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) ने इस संबंध में औपचारिक आदेश जारी कर दिया है।
जारी किए गए निर्देशों के मुताबिक, 18 सितंबर और 19 सितंबर को जिले के सभी विद्यालय बंद रहेंगे। यह अवकाश कक्षा 12 तक के विद्यार्थियों के लिए प्रभावी रहेगा। प्रशासन का उद्देश्य है कि छात्र और उनके परिवार इस धार्मिक पर्व को शांतिपूर्ण ढंग से मना सकें।
यह आदेश जिले के अंतर्गत आने वाले सभी शिक्षण संस्थानों पर लागू होता है। इसमें सरकारी संस्थानों के साथ-साथ निजी प्रबंधन द्वारा संचालित विद्यालय भी शामिल हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसी भी विद्यालय को इन दो दिनों में खोलने की अनुमति नहीं होगी।
स्थानीय स्तर पर राधाष्टमी के दौरान श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ती है। मथुरा और वृंदावन के मंदिरों में विशेष सजावट और धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए जाते हैं। इस भीड़ और यातायात व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने स्कूलों में अवकाश देने का कदम उठाया है ताकि बच्चों को आवागमन में कोई असुविधा न हो।
अधिकारियों ने सभी स्कूल प्रबंधकों को निर्देश दिया है कि वे इस आदेश का सख्ती से पालन सुनिश्चित करें। यदि कोई विद्यालय इन तिथियों पर खुला पाया जाता है, तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा सकती है।
अभिभावकों को भी सलाह दी गई है कि वे अपने बच्चों की पढ़ाई के संदर्भ में इस अवकाश को ध्यान में रखें। स्कूल प्रशासन द्वारा जारी इस सूचना के बाद से ही विद्यार्थियों में पर्व को लेकर उत्साह देखा जा रहा है।
मथुरा प्रशासन की ओर से समय-समय पर स्थानीय मेलों और त्योहारों के दौरान इसी प्रकार के अवकाश घोषित किए जाते रहे हैं। यह निर्णय न केवल धार्मिक भावनाओं का सम्मान करने के लिए है, बल्कि सुरक्षा और सुगम यातायात सुनिश्चित करने के दृष्टिकोण से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।