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मेरठ थप्पड़ कांड: आईपीएस अविनाश पांडेय के खिलाफ कार्रवाई पर भड़के लोग, आंदोलन की चेतावनी

मेरठ में कमिश्नरी पार्क के भीतर बहुजन समाज की एक महापंचायत का आयोजन किया गया है। इस दौरान मेरठ के तत्कालीन एसएसपी आईपीएस अविनाश पांडेय और अन्य अधिकारियों के खिलाफ की गई कार्रवाई को लेकर भारी आक्रोश देखा गया। रवि गौतम ने स्पष्ट किया है कि जब तक उन्हें न्याय नहीं मिल जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।

उत्तर प्रदेश के मेरठ में एक बार फिर थप्पड़ कांड को लेकर माहौल गरमा गया है। कमिश्नरी पार्क में आयोजित बहुजन समाज की महापंचायत में बड़ी संख्या में लोग एकत्रित हुए। इस दौरान वक्ताओं ने तत्कालीन एसएसपी आईपीएस अविनाश पांडेय और अन्य संबंधित अधिकारियों के खिलाफ हुई कार्रवाई पर कड़ा विरोध दर्ज कराया।

अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार, महापंचायत में शामिल लोगों ने प्रशासन के फैसलों पर असंतोष व्यक्त किया। रवि गौतम ने मंच से संबोधित करते हुए कहा कि यह लड़ाई केवल एक घटना तक सीमित नहीं है, बल्कि यह न्याय की मांग है। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाता और उचित न्याय नहीं मिलता, तब तक आंदोलन को जारी रखा जाएगा।

इस घटनाक्रम ने स्थानीय राजनीति में हलचल पैदा कर दी है। महापंचायत में मौजूद लोगों ने अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए और निष्पक्ष जांच की मांग की। भीड़ का आक्रोश इस बात का संकेत है कि मामला अभी शांत होने वाला नहीं है।

प्रशासनिक स्तर पर भी इस मामले को लेकर सतर्कता बरती जा रही है। हालांकि, प्रदर्शनकारियों का कहना है कि अब तक की गई कार्रवाई पर्याप्त नहीं है। वे मामले में और अधिक जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।

महापंचायत के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के भी कड़े इंतजाम किए गए थे। पुलिस और प्रशासन के अधिकारी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। प्रदर्शनकारियों ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने का प्रयास किया, लेकिन उनके तेवर सख्त बने हुए हैं।

आने वाले दिनों में इस आंदोलन का स्वरूप क्या होगा, यह देखना महत्वपूर्ण होगा। रवि गौतम और अन्य नेताओं ने स्पष्ट कर दिया है कि वे पीछे हटने वाले नहीं हैं।

यह पूरा मामला अब एक बड़े जन आंदोलन का रूप लेता दिख रहा है। स्थानीय प्रशासन के लिए इस स्थिति को संभालना एक बड़ी चुनौती साबित हो सकता है।

स्रोत

मूल संदर्भ

01अमर उजाला नेटवर्क, मेरठमूल रिपोर्ट देखें ↗