लखीमपुर खीरी के स्कूल में गोलीकांड से हड़कंप, सुरक्षा व्यवस्था पर अभिभावकों ने उठाए गंभीर सवाल
उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी स्थित चिल्ड्रेस एकेडमी में हुई गोलीबारी की घटना ने स्थानीय लोगों को झकझोर दिया है। स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए अभिभावकों ने बताया कि परिसर में टिफिन ले जाने तक पर पाबंदी थी, फिर भी आरोपी सऊद वहां हथियार लेकर कैसे पहुंच गया। इस घटना ने स्कूल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं।
VIMARSHNAARAD TVउत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले में स्थित चिल्ड्रेस एकेडमी विद्यालय परिसर में हुई एक दुखद गोलीबारी की घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। इस घटना के बाद से ही स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। स्थानीय लोगों और अभिभावकों के बीच इस बात को लेकर गहरा आक्रोश है कि आखिर एक व्यक्ति हथियार लेकर स्कूल के भीतर तक कैसे दाखिल हो गया।
अभिभावकों का कहना है कि स्कूल में सुरक्षा के कड़े दावे किए जाते थे। स्थिति यह थी कि छात्रों के लिए घर से आने वाले टिफिन बॉक्स की भी गहन जांच की जाती थी और बिना अनुमति के कोई भी बाहरी वस्तु अंदर नहीं ले जाई जा सकती थी। ऐसे में सऊद का तमंचा लेकर स्कूल परिसर में पहुंच जाना सुरक्षा तंत्र की बड़ी विफलता को दर्शाता है।
लोगों का मानना है कि स्कूल में तैनात गार्डों को भी इस मामले में अपनी जिम्मेदारी निभानी चाहिए थी। यदि सुरक्षाकर्मी सतर्क होते, तो शायद इस अनहोनी को टाला जा सकता था। फिलहाल, इस घटना के बाद से अभिभावक अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर काफी चिंतित हैं और प्रशासन से जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।
अमर उजाला नेटवर्क की रिपोर्ट के अनुसार, इस घटना ने न केवल स्कूल प्रबंधन की लापरवाही को उजागर किया है, बल्कि शैक्षणिक संस्थानों में सुरक्षा मानकों के पालन पर भी सवाल खड़े किए हैं। घटना के बाद से इलाके में मातम का माहौल है और हर कोई इस बात से हैरान है कि स्कूल जैसी सुरक्षित जगह पर ऐसी वारदात कैसे हो गई।
फिलहाल, पुलिस मामले की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि आरोपी ने इस घटना को अंजाम देने की योजना कैसे बनाई। इस पूरे प्रकरण ने स्कूलों में सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों की आवश्यकता को एक बार फिर से रेखांकित कर दिया है।