72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार: राष्ट्रपति मुर्मू ने कलाकारों से हानिकारक उत्पादों का प्रचार न करने की अपील की
गुजरात के एकता नगर में आयोजित 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने सिनेमा जगत के दिग्गजों को सम्मानित किया। इस अवसर पर उन्होंने कलाकारों से आग्रह किया कि वे समाज पर नकारात्मक प्रभाव डालने वाले उत्पादों का प्रचार करने से बचें। कार्यक्रम में कार्तिक आर्यन और रणदीप हुड्डा सहित कई फिल्मी हस्तियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और सम्मान प्राप्त किया।

गुजरात के एकता नगर में 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह का भव्य आयोजन किया गया। इस प्रतिष्ठित कार्यक्रम में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने सिनेमा जगत में उत्कृष्ट योगदान देने वाले कलाकारों को सम्मानित किया। यह आयोजन भारतीय फिल्म उद्योग के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जाता है।
समारोह को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति मुर्मू ने फिल्म सितारों को एक महत्वपूर्ण सलाह दी। उन्होंने कलाकारों से अपील की कि वे ऐसे उत्पादों का विज्ञापन या प्रचार न करें जो समाज और स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि कलाकारों का प्रभाव व्यापक होता है, इसलिए उन्हें जिम्मेदारी से काम करना चाहिए।
इस वर्ष के पुरस्कार समारोह में कई प्रसिद्ध हस्तियों ने भाग लिया। कार्तिक आर्यन और रणदीप हुड्डा जैसे कलाकारों ने इस सम्मान समारोह को लेकर अपनी खुशी और उत्साह व्यक्त किया। इन सितारों ने सिनेमा के प्रति अपने समर्पण और पुरस्कार मिलने पर गर्व महसूस किया।
राष्ट्रपति ने अपने संबोधन में सिनेमा की शक्ति पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि फिल्में न केवल मनोरंजन का साधन हैं, बल्कि वे समाज को दिशा देने और जागरूक करने में भी अहम भूमिका निभाती हैं।
समारोह में देश भर से आए विभिन्न भाषाओं और शैलियों के फिल्म निर्माताओं और कलाकारों को उनके बेहतरीन काम के लिए सराहा गया। यह आयोजन भारतीय सिनेमा की विविधता और रचनात्मकता का प्रतीक बना।
कलाकारों ने भी इस मंच को अपनी कला के प्रति सम्मान के रूप में देखा। रणदीप हुड्डा और कार्तिक आर्यन ने इस अवसर पर अपने विचार साझा करते हुए सिनेमा जगत के प्रति आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा और व्यवस्था के कड़े इंतजाम किए गए थे। एकता नगर में आयोजित इस समारोह ने एक बार फिर भारतीय सिनेमा की उपलब्धियों को वैश्विक पटल पर रेखांकित किया है।
अंत में, राष्ट्रपति ने सभी विजेताओं को बधाई दी और भविष्य में भी इसी तरह की उत्कृष्ट कलाकृतियां बनाने के लिए प्रोत्साहित किया। यह समारोह भारतीय फिल्म उद्योग के लिए एक गौरवपूर्ण क्षण रहा।
